64 लाख से अधिक मामले निराकृत, 36,24 करोड़ का अवार्ड पारित
0 मुंगेली से किया नेशनल लोक अदालत का वर्चुअल शुभारंभ0 आपसी समझौते से न्याय पाने का सशक्त जरिया’
बिलासपुर। चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा मुख्य संरक्षक, छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण ने आज त्वरित, सुलभ और आपसी समझौते से न्याय दिलाने के साझा संकल्प के साथ, दीप प्रज्जवलन कर वर्ष की दूसरी राष्ट्रीय लोक अदालत का जिला एवं सत्र न्यायालय, मुंगेली से प्रदेश के सभी 23 जिलों में वर्चुअल शुभारंभ किया।
लोक अदालत में कुल 64,72,606 प्रकरणों का निराकरण कर कुल 36,24,58,69,436 रू का अवार्ड पारित किया गया। मुख्य न्यायाधीश ने अपने संबोधन में नेशनल लोक अदालत की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए राष्ट्रीय लोक अदालत को आम जनता के लिए आपसी समझौते से न्याय पाने का एक सशक्त जरिया बताया, उन्होंने न्यायिक अधिकारियों को प्रेरित किया कि,वे अधिक से अधिक पुराने और लंबित मामलों को सुलझाने का लक्ष्य रखें। न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा ने मुंगेली जिला न्यायालय में गठित खंडपीठों का निरीक्षण किया।
इस अवसर पर उन्होंने हितग्राहियों को आयुष्मान कार्ड वितरित किए साथ ही, उन्होंने बैंक, बीमा और नगर निगम सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों से मुलाकात कर अधिकारियों को प्रोत्साहित करते हुए आपसी समन्वय से अधिक से अधिक लंबित प्रकरणों के त्वरित निपटारे में अपना पूर्ण सहयोग प्रदान करने का संदेश दिया। मुख्य न्यायाधिपति द्वारा उच्च न्यायालय बिलासपुर में नेशनल लोक अदालत के संबंध में गठित दोनों खण्डपीठों का भ्रमण कर पीठासीन न्यायमूर्ति रविन्द्र कुमार अग्रवाल एवं न्यायमूर्ति बिभू दत्ता गुरू से प्रत्यक्ष संवाद करते हुए लोक अदालतों की कार्यवाहियों का जायजा लिया और प्रकरणों के निराकरण हेतु किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। मुख्य न्यायाधीश के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ न्यायपालिका ने त्वरित न्याय के संकल्प को धरातल पर उतारा है।
कम अंतराल के बाद भी सफलता
छत्तीसगढ़ में उच्च न्यायालय से लेकर तालुका स्तर न्यायालयों के साथ-साथ राजस्व न्यायालयों में आज आयोजित नेशनल लोक अदालत में प्राप्त आंकड़ों के अनुसार कुल 64,72,606 प्रकरणों का सफलतापूर्वक निराकरण करते हुए कुल 36,24,58,69,436 रूपए का अवार्ड पारित किया गया। उल्लेखनीय है कि,मार्च की लोक अदालत और इस आयोजन के बीच कम अंतराल होने के बावजूद, न्यायपालिका ने आपराधिक, दीवानी और राजस्व जैसे विभिन्न श्रेणियों में बड़ी संख्या में मामलों को सुलझाकर एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है, जो प्रदेश के पक्षकारों के लिए बड़ी राहत का सबब है *
सीजे ने सबका माना आभारमुख्य न्यायाधिपति न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा ने न्यायमूर्ति संजय के. अग्रवाल, कार्यपालक अध्यक्ष छ.ग. राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण ,न्यायमूर्ति पार्थ प्रतीम साहू, अध्यक्ष छ.ग. उच्च न्यायालय विधिक सेवा समिति, सभी प्रधान जिला सत्र न्यायाधीशों, परिवार न्यायालय के न्यायाधीशों, लोक अदालत की खण्डपीठों के सभी पीठासीन अधिकारियों, अधिवक्ताओं, पक्षकारों और उन सभी हितधारकों के प्रति अपनी हार्दिक सराहना व्यक्त की, जिन्होंने इस राष्ट्रीय लोक अदालत को एक ऐतिहासिक सफलता प्रदान करने में प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से योगदान दिया है।
