1378 व्याख्याताओं के प्राचार्य के पद पर पदोन्नति का रास्ता साफ हो गया
00 हाईकोर्ट ने प्रमोशन के तय कैडर व मापदंडों को सही ठहराया
बिलासपुर। हाईकोर्ट ने व्याख्याता के पद पर प्रमोशन के लिए राज्य शासन द्वारा तय कैडर व मापदंडों को सही ठहराया है। कोर्ट के इस फैसले के बाद ई संवर्ग के 1378 व्याख्याताओं के प्राचार्य के पद पर पदोन्नति का रास्ता साफ हो गया है। कोर्ट ने याचिका पर सुनवाई के बाद 5 अगस्त 2025 को फैसला सुरक्षित रख लिया था।
उल्लेखनीय है कि, छत्तीसगढ़ में स्कूल शिक्षा विभाग ने अप्रैल 2025 में 2813 शिक्षकों को प्राचार्य पद पर प्रमोशन देने की सूची जारी की थी। सुनवाई के बाद डिवीजन बेंच ने पदोन्नति के लिए कैडर के आधार पर तय किए कोटे व मापदंडों को सही बताते हुए सभी याचिकाओं को खारिज कर सरकार को प्रक्रिया प्रारंभ करने की अनुमति दी थी। दुर्ग के रिटायर्ड शिक्षक प्रकाश नारायण तिवारी ने याचिका दायर कर 65 प्रतिशत कोटे को चुनौती देते हुए 100 प्रतिशत पद पर ई संवर्ग को पोस्टिंग देने की मांग की थी। इसके पहले डिवीजन बेंच ने राज्य शासन द्वारा तय कोटे को सही ठहराते हुए याचिकाओं को खारिज कर दिया था* सिंगल बेंच में सुनवाई के बाद ई संवर्ग के व्याख्याताओं का प्रमोशन का मामला अटका रहा। कोर्ट ने अब शिक्षक की याचिका खारिज कर दी है, इससे प्रमोशन का रास्ता साफ हो गया है।
1478 को पोस्टिंग का इन्तजार
इस बीच इसी नियम 5 मई 2019 के तहत 30 अप्रैल को साथ साथ पदोन्नत किये गए टी संवर्ग के 1312 प्राचार्यों की पदोन्नति के बाद पोस्टिंग विगत माह 29 अगस्त को कर दिया गया है, ज्ञात हो दोनो की भर्ती व पदोन्नति एक ही नियम से शासित है व ई/टी दोनो संवर्ग की पदोन्नति प्रक्रिया साथ साथ पूर्ण किया गया है, फिर भी अब तक ई संवर्ग के 1478 प्राचार्य पोस्टिंग का इंतजार कर रहे है।
लगभग 24 प्राचार्य रिटायर होंगे
छत्तीसगढ़ के शिक्षा विभाग में पिछले 10 वर्षों से शासकीय हाई स्कूल एवं हायर सेकंडरी स्कूलों में प्राचार्य के पद रिक्त है, शिक्षा विभाग द्वारा 30 अप्रैल 2025 को 1478 पदों पर प्राचार्य पदोन्नति की गई है किंतु न्यायालयीन अवरोध के कारण अब तक शालाओ में प्राचार्य की पोस्टिंग नही हुई है, 30 अप्रैल के पदोन्नति के बाद अब तक 126 पदोन्नत प्राचार्य सेवानिवृत्त हो चुके हैं ,इस महीने भी लगभग 24 प्राचार्य रिटायर होंगे।
