अल्प बचत एजेंट नारंग ने डाकघर के कर्मचारियों से मिलीभगत कर वृद्ध के खाता से साढ़े पांच लाख रुपये निकाला
00 जिला उपभोक्ता फोरम ने सेवा में कमी पर डाक विभाग को जुर्माना व 9 प्रतिशत ब्याज सहित पूरा रकम 45 दिवस में लौटने का आदेश दिया
बिलासपुर। डाकघर हजारीबाग झारखंड के खाता से डाकघर एसईसीएल शाखा के एजेंट ने अपना हस्ताक्षर कर 22 बार में 5.50 लाख रुपये निकाल लिया। सेवा में कमी करने पर खाताधारक ने जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोषण आयोग बिलास में आवेदन दिया था। आयोग के अध्यक्ष आंनद कुमार सिंघल, सदस्य श्रीमती पूर्णिमा सिंह एवं आलोक कुमार पांडेय ने इसे सेवा कमी मानते हुए डाकघर मुख्य कार्यालय, एसईसीएल शाखा एवं एजेंट संजय नारंग को आदेश प्राप्त करने के दिनांक से 45 दिन के अंदर 5.50 लाख रुपये आवेदक को लौटाने, इसमें 2020 से भुगतान तक 9 प्रतिशत की दर ब्याज अलग देने, 25 हजार रु क्षतिपूर्ति राशि व 5 हजार वाद व्यय देने का आदेश दिया है।
आवेदक श्रीमती भवानी सिन्हा पति मुरारी मोहन सिन्हा उम्र 72 वर्ष का पति के साथ संयुक्त बचत खाता पोस्ट ऑफिस हजारीबाग में है। उक्त खाता में मई 2019 की स्थिति में 6,58,780 जमा था। उम्र अधिक होने पर श्रीमती भवानी सिन्हा अपने पुत्र राहुल सिन्हा के घर बिलासपुर रहने आ गई। इस बीच उन्होंने राष्ट्रीय बचत पत्र प्राप्त करने डाकघर अल्प बचत एजेंट संजय नारंग को फार्म भर कर दिया। इस बीच संजय नारंग ने 17 मई 2019 से 13 जून 2019 के मध्य उनके हस्ताक्षर के बिना 22 बार आहरण फार्म भर कर 5.50 लाख रुपये एजेंट ने निकाल लिया। शिकायत के बावजूद राशि नहीं लौटने पर उन्होंने उपभोक्ता फोरम में आवेदन दिया था। फोरम ने हस्ताक्षर का मिलान नहीं होने के बावजूद एजेंट को कोर बैंकिंग के मध्यम से भुगतान करने को सेवा में कमी पाया व उक्त आदेश दिया है।
